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संजय बेंगाणी का पन्ना - हमको मिल गया...
sanjaybengani
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हमको मिल गया...
नहीं जी साथी कि बात नहीं कर रहे, बात हैं शब्द की. पता नहीं आजकल यह नया भूत सवार हो गया हैं, हमेंशा दिमाग में रंग, परिकल्पनाएं तथा लेन देन के आंकड़े ही घुमा करते थे. पर अब वर्ज़न, डेटाबेस, गैलेरी न जाने कैसे-कैसे शब्द घुमते हैं और उपयुक्त हिन्दी के शब्द छानने की प्रक्रिया चलती रहती हैं. वर्ज़न शब्द ने बहुत हैरान किया हुआ था. कल अचानक विचार आया हद हो गई, ‘गोद में छोरा और गाँव में ढ़िंढ़ोरा’. गुजराती में इसके लिए एक शब्द आवृति प्रचलन में ही हैं, उसे क्यों नहीं ले ले. अंग्रेजी से पहले भारतीय भाषाओं को छानना चाहिए. उस समय तो आवृति पर हमारी पसन्द उतर गई, फिर ध्यान गया आवृति को हिन्दी में क्या कहुंगा? अरे यह तो ‘संस्करण’ हैं. यह शब्द सुझा तब आँखे खोल कर घड़ी देखी तब सुबह के चार बज रहे थे. सत्यानाश नींद का कचरा हो गया. जो भी हो आज अनुवाद में वर्ज़न के लिए संस्करण का उपयोग करने वाला हूँ, अपनी आपत्ति हो तो टिप्पणी करें. वैसे आप विंडोज या लिनक्स के कौन से संस्करण का प्रयोग करते हैं?
रूकिये गैलेरी के लिए भी एक शब्द हैं..प्रचलन में कैसे भूल गये? दीर्घा.
तो
वर्जन के लिए संस्करण
गैलेरी के लिए दीर्घा
क्या विचार हैं.. डेटाबेस को आँकड़ाकोष कहें तो?

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Current Location: अहमदाबाद
Current Mood: प्रसन्न
Current Music: संगीत के साथ काम नहीं कर सकता

Comments
From: (Anonymous) Date: July 31st, 2006 06:52 am (UTC) (Link)
वर्सन् के लिये 'संस्करण' बहुत उपयुक्त लग रहा है। वस्तुतः साफ़्टवेयर का बार-बार संस्कार ही तो किया जाता है।

---अनुनाद
From: (Anonymous) Date: July 31st, 2006 08:56 am (UTC) (Link)
संस्करण तो एडीशन के लिए है, वर्जन के लिए रुपांतरण ठीक लग रहा है।
From: (Anonymous) Date: August 17th, 2006 03:41 am (UTC) (Link)

'गैलरी'

गैलरी माटे हिन्दी मा वीथि अने वीथिका पण चाले छे.
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